कितनी अजीब सी रस्म है न?

कितनी अजीब सी रस्म है न? बेटियां जब शादी के पहले अपने मा बापके घर मे होती हैं तो माँ – बाप को मिलने वाले हर इन्विटेशन पर उनका उतना …

Read more

अपना पिंकू(काल्पनिक)

पिंकू अब बड़ा हो गया हैआड़े तिरछे परिधानों को पहनने के तरीकों से रूबरू हो गया है हाँ, और क्यासूटेड- बूटेड लबादों को ओढ़करकाले पीले चश्मों से नाता जोड़करबटुए में …

Read more

ख्वाबों का दामन थामें रखना भी ज़रूरी है

ख्वाबों का दामन थामें रखना भी ज़रूरी हैपांवों को ज़मीं पर टिकाये रखना भी ज़रूरी हैकब टूट जाए कौन सा तारा,क्या पता?इसलिए आसमान पर नज़र बनाये रखना भी ज़रूरी है …

Read more

जरा मुश्किल है..

‘न’ कह पाना भी ज़रा मुश्किल हैरज़ामंदी जता पाना भी बड़ा मुश्किल है गर एहसासों से भरा हो अरमानों का सफरतो फिर साँसों का संभल पाना भी ज़रा मुश्किल है …

Read more

कदमताल नही कर पा रहा हूँ शायद

कदमताल नही कर पा रहा हूँ शायदलड़खड़ाता ही जा रहा हूँ शायद दुनिया की दिखावटी रवायतों मेंखुद को अकेला पा रहा हूँ शायद मन कभी उदास भी तो हो सकता …

Read more

मोमेंटम क्या है, कामयाबी के लिए मोमेंटम कैसे बनाएं| How to Build Momentum Tips in Hindi

Momentum

How to Build Momentum: Hal Elrod अपनी एक किताब में कहते हैं कि उनका घर एक पहाड़ की ऊँचाई पर था। वह कई बार कोशिश कर चुके थे कि बिना …

Read more

What is Consistency | कंसिस्टेंसी क्या है? कामयाब होने के लिये इसे कैसे डेवेलप करे

What is Consistency

What is Consistency: यदि कोई एक सलाह आपको किसी को देना हो या खुद में सुधार लाने के लिए खुद को देना हो, तो फिर आप चाहे किसी भी फील्ड में क्यों न हो चाहे, किसी को अपना काम न पसंद ही क्यों न हो, चाहे आपको ऐसा लगता है कि आप टैलेंटेड हो या नही। कामयाबी के लिये सबसे कारगर और ताकतवर सलाह होगी कि अपने अंदर कंसिस्टेंसी (Consistency) लाइये। 

What is Consistency Meaning in Hindi – 

Consistency  का इतिहास बहुत इंटरेस्टिंग है। इसका प्रयोग आज से लगभग पंद्रह सौ साल पहले लैटिन भाषा में हुआ था। यह लैटिन भाषा से बना शब्द हैं। यह लैटिन के Consistere से बना है। जहां “con” का अर्थ “साथ मे” और “sistere”  का अर्थ “स्थिर रहना”, “दृढ़ रहना” है। 

 कंसिस्टेंसी का मतलब है कि जो भी छोटे से छोटा एक्शन या बदलाव जो हम लाना चाहते हैं, उसके साथ स्थिर बने रहना।

 बदलाव के लिये लिया गया एक्शन कितना भी छोटा क्यों न हो, अगर आपके पास कंसिस्टेंसी (Consistency)  है तो रिजल्ट आने लगते हैं और दूर से देखने पर लगता है कि जादू हो गया। 

कंसिस्टेंसी इतनी ताकतवर क्यों है? 

Consistency बहुत ज्यादा पावरफुल इसलिए होती है क्योंकि यह आईडेंटिटी शिफ्ट कर देती है। जब हम कुछ हरकतें/ काम किसी भी कारण से कंसिस्टेंसी के साथ करना सीखते हैं तो हमारे अंदर एक सुपर पावर (Super Power आ जाती है। इस सुपर पावर को ही हम विश्वास (Belief) कहते है और हमें खुद पर भरोसा हो जाता है कि मैं छोटे ही सही लेकिन अपने व्यवहार (Behaviour) से अपनी मर्जी से बदलाव ला सकता सकते है। खुद को दिशा/ डायरेक्शन दे सकते है।

उदाहरण के लिये अगर आप किसी 50 साल से अधिक उम्र के अंकल को, जो बहुत नशा बहुत करते हैं, उनको समझा कर देख लीजिए। उनसे कहिये की अंकल आप चाहे तो नशा करना छोड़ सकते हैं। आप उनका जवाब कुछ इस तरह से पायेंगे। वो कहेंगे बेटा इन सब चीजों से कुछ नहीं होगा, हमने भी दुनिया देख रखी है।

असल में यह माननीय अंकल भी कंसिस्टेंसी (Consistency) का ही शिकार हैं। जानते हुए भी नशा गलत आदत है, वह इसे बार बार कर के अनजाने में अपने अंदर कंसिस्टेंसी (Consistency) बना चुके होते हैं। उन्हें विश्वास हो चुका होता है कि वह कमजोर है और अपनी पुरानी आदतें बदल नहीं सकते। 

 मतलब साफ है कंसिस्टेंसी (Consistency) दो धारी तलवार की तरह ही है। अब हम बात करते है Consistency के Negative साइड पर.. अगर आपको किसी का जीवन खराब करना है तो उसे केवल एक चीज डिस्ट्रेक्शन (Distraction = लक्ष्य से भटकना) में परंपरागत बना दीजिए, बाकी वह अपना नुकसान खुद कर लेगा, जिंदगी भर दुखी रहेगा और आसपास भी सब को कष्ट देगा।

 Consistency

क्योंकि जब हम डिस्ट्रक्शन में होते हैं तो न केवल हम अपने कीमती समय को waste (नष्ट) करते हैं,  बल्कि हम अंदर से दुखी (Sad) भी होने लगते हैं। क्योंकि Distracted Mind is an Unhappy Mind.. अगर हमारे एक्शन में, उसके उद्देश्य में, कंसिस्टेंसी (Consistency) नहीं होती है तो हर दिन सोचना पड़ता है कि कहां से शुरू करें, और फिर पूरा दिन भटकते हुए निकल जाता है। 

ऐसी परिस्थिति में कोई कितना ही टैलेंटेड क्यों न हो पूरी एनर्जी केवल काम को शुरू करने में ही निकाल देगा। Energy खत्म तो हम कुछ खास कर ही नही पाएंगे और जब तक हम कुछ खास नही करते हैं तब तक हमें कोई फीडबैक (Feedback) नही मिलता है। हम कुछ सीख नहीं पाते हैं। 

जब तक आप अपने काम के प्रति सचेत हो कर नहीं सोचते हैं तब तक आप अपने अंदर के सोये हुए टैलेंट को बाहर निकाल ही नही सकते..! फिर न तो कॉन्फिडेंस आएगा और न ही सन्तुष्टि (Satisfaction) महसूस होगा।

Consistency की विशेषता – 

 कंसिस्टेंसी (Consistency) की सबसे बड़ी खासियत है मोमेंटम (Momentum) अगर आप से से कोई पूछें कि किसी कठिन एग्जाम के लिए लॉजिकल रीजनिंग मैथ के कांसेप्ट को क्लियर करना है तो सबसे पहले यही सलाह होगी कि किसी भी तरह की रिजनिंग लॉजिकल है, जिसे बार बार प्रैक्टिस कर के करना सीखना होगा। क्योकि इसमे हम कम समय में कुछ खास तरीके से सोच कर दिए गए ऑप्शन से आंसर का चुनाव करते हैं।

इसे एक दिन में नही सीखा जा सकता है। लेकिन अगर continue करेगे तो सीख जायेगे। क्योकि इसके पीछे मोमेंटम काम करता है। इसे सीखने के लिए इसको हमें छोटे-छोटे बैक थ्रो (Back Through) की जरूरत होती है। यहां छोटे-छोटे Back Through का मतलब है हम एक माइक्रो लेबर से दूसरे पर जंप करते हैं।

 जब हम कोई प्रॉब्लम बिना किसी मदद के अपने दिमाग में आने वाली तरीके से साफ करने की कोशिश करते हो या कभी कभार बहुत कठिन क्वेश्चन को कर लेते हो और फिर उसे दूसरे दिए गए तरीके से कंपेयर करके असरदार तरीके से सीखते हो तो उसे ब्रेक थ्रो (Back Through) कहते है। 

Read more

अपने सपने खुद देखे हो तो उसके लिए खुद जिम्मेदार हो, उसे पाने की कोशिश करो

ज़िन्दगी में आरोप प्रत्यारोप करना, अन्य व्यक्तियों पर दोष मढ़ना और फिर अपनी परिस्थितियों को कटघरे में खड़ा करके अपनी आंशिक असफलताओं के लिए अफसोस जताना बेहद दुर्बल कृत्य की …

Read more

सभी स्थितियों परिस्थितियों में अनुकूलतम समायोजन स्थापित की आस में प्रयासरत

life goal

ज़िन्दगी में एक समय मे बहुत सारी चीज़ें रेत की तरह फिसलती जाती हैं, निकलती जाती हैं, सरकती जाती हैं क्योंकि आप उन सभी बातों को, उन सभी लम्हों को …

Read more

राधाबिनोद पाल: एक भारतीय जज है जिसे जापान के लोग भगवान की तरह मानते हैं

radhabinod pal

राधाबिनोद पाल एक ऐसे शख्स है जिनका नाम शायद ही आप में से किसी ने सुना हो। बहुत सारे भारतीय ऐसे हैं जिन्हें न तो इनके बारे में जानकारी है …

Read more

लाइफ में चमत्कार तब होते हैं जब आप Positive Attitude रखते हैं…

positive things

क्या आप आधा गिलास भरा या आधा गिलास खाली जैसी किस्म के व्यक्ति हैं? एक शोध से यह साबित हो चुका है कि पॉजिटिव एटीट्यूड (Positive Attitude) का हमारे लिए …

Read more

आचार्य प्रफुल्ल चंद्र रे जिनकी बदौलत भारत बना हैड्रॉक्सिक्लोरोक्वीन दवा का सबसे बड़ा उत्पादक देश

Aacharya Prafulla chandra Ray in hindi

Aacharya Prafulla chandra Ray in hindi : आचार्य प्रफुल्ल चंद्र रे जिन्हें भारत में रसायन शास्त्र के जनक के तौर पर भी जाना जाता है, का जन्म 2 अगस्त 1961 …

Read more

दूसरों के लिए नही बल्कि खुद के लिए लोगो को माफ करें और आगे बढ़ जाये…

logo ko माफ करें

किसी को उसकी गलती के लिए माफ कर देना आसान नहीं होता है । लेकिन जाने अनजाने में की गई दूसरो की गलतियों के लिए उसे माफ कर दें और …

Read more